फेनहरा: रमज़ान के बा-बरकत महीने में रखी गई टोला हाजी हनीफ की नई मस्जिद की बुनियाद

masjid33

फेनहरा: फेनहरा के टोला हाजी मोहम्मद हनीफ की पुरानी और बोसिदा मस्जिद को शहीद करके रमजान के बा-बरकत महीने में आज नई मस्जिद की बुनियाद रखी गई. इस मौके पर फेनहरा और आसपास के गांवों के आम-व-ख्वास ने बड़ी तादाद में शिरकत की, जिनमें बेशतर दीनी उलूम के माहिर और मज़हबी रुझान रखने वाले लोग थे.

मशहूर आलिम-ए-दीन और ढाका आज़ाद मदरसा के सदरुल मुदर्रिसीन मौलाना अब्दुस सलाम के दस्त-ए-मुबारक मस्जिद की संग-ए-बुनियाद रखी गई. इस रुहानी और दीनी फरीज़े में इलाकाई लोग ने जमकर हिस्सा लिया. फेनहरा की ज्यादातर मसाजिद के इमाम ने अपनी हाजरी दी. फेनहरा ईदगाह के इमाम मौलाना मोहम्मद कासिम भी पेश पेश रहे. मस्जिद की संग-ए-बुनियाद के बा-बरकत मौके पर अपनी लाज़मी हाजरी के लिए हाजी नजीरुल हसन ने खास तौर पर चंदनबारा से फेनहरा का सफर तय किया.

masjid5

मस्जिद की बुनियाद रखने के मौके पर जिस तरह से मुहल्ले के लोगों में जुनून, जोश और जज्बा देखा गया इसकी मिसाल साज़-व-नादिर मिलती है. खास बात ये है कि न सिर्फ बोसिदा और पुरानी मस्जिद की जगह नई मस्जिद की तामीर की जा रही है बल्कि मस्जिद की तोअसी भी हो रही है. मस्जिद के शुरुआती नक्शे के मुताबिक तहखाने के अलावा मस्जिद दो मंजिला होगी.

मस्जिद की तामीरी कमेटी के जिम्मेदारान का कहना है कि उनकी कोशिश है कि तहखाने का काम जितना जल्द हो सके उसे मुकमल किया जाए, ताकि नमाजियों को कम से कम परेशानी का सामना करना पड़े. उनका कहना है कि अगले एक साल में मस्जिद के आधे काम को पूरा करने का हदफ रखा गया है.

masjid4

फेनहरा के जिन लोगों ने इस मौके पर अपनी हाजरी दी उनमें मुफ्ती असरारुल हक, पोखरिया टोला की मस्जिद के इमाम हाफिज कलीमुल्लाह के नाम अहम हैं. इसके अलावा टोले के जो लोग मस्जिद की बुनियाद में पेश-पेश हैं उनमें मास्टर मोहम्मद हसीन अख्तर, प्रोफेसर अब्दुल खालिक, मास्टर अब्दुस समद, मौलाना अब्दुल अहद, मोहम्मद मसुदुर्रहमान, मोहम्मद मुजीबुर रहमान, मास्टर मोहम्मद बदरुल हसन, मास्टर अबुल कलाम, मोहम्मद शब्बीर आलम, मोहम्मद सलाहुद्दीन, मोहम्मद नज़ीर अहमद, मोहम्मद हाशिम, मास्टर मोहम्मद मज़हर आलम, मोहम्मद मतिउर्रहमान, मोहम्मद अख्तर, अब्दुल माजिद और अब्दुल वाजिद के नाम नुमाया हैं.

masjid1

फेनहरा प्रखंड: अकिलुर्रहमान की जोड़-तोड़ से बंदना बनीं प्रमुख, खुद बने उप प्रमुख

 

imageफेनहरा: फेनहरा प्रखंड में तनाव भरे माहौल के बीच प्रखंड प्रमुख का चुनाव संपन्न हो गया. 9 पंचायत समिति सदस्यों वाले प्रखंड की प्रमुख बनी हैं बंदना देवी और हाजी मोहम्मद अकिलुर्रहमान की झोली में उप-प्रमुख का पद गया है. बंदना देवी गोबिंदबारा की रहने वाली हैं और दिलीप कुमार सिंह की पत्नी हैं. उन्होंने पहली बार पंचायत चुनाव लड़ा और भारी मतों से जीत दर्ज की. फेनहारा में पहली बार किसी महिला ने प्रमुख के पद पर अपना कब्जा जमाया है.

सोमवार की सुबह से ही प्रमुख चुनाव की गहमागहमी थी. श्याम किशोर सिंह की जीत की अटकलें लगाई जा रही थीं और उनके खेमे में जश्न का माहौल था लेकिन जैसे ही चुनाव का वक़्त करीब आया पंचायत समिति सदस्य हाजी मोहम्मद अकिलुर्रहमान ने बाज़ी पलटते हुए बंदना देवी के हक में जीत को मोड़ दिया.

अकिलुर्रहमान के जोड़-तोड़ और बंदना देवी के पति दिलीप सिंह की कोशिशों ने ये जीत दिलाई. दिलीप सिंह अपने पक्ष में अंतिम-अंतिम समय तक पांच वोट जोड़कर रखने में कामयाब रहे. बंदना देवी को अकिलुर्रहमान के अलावा पंचायत समिति सदस्य विभा कुमारी सहनी, भागनारायण राम और रहमत आरा के मत मिले.

  • aqeel

हाजी मोहम्मद अकिलुर्रहमान को उनकी कोशिशों का इनाम भी मिला और उप-प्रमुख के पद से नवाज़े गए. अकिलुर्रहमान पंचायत स्तर पर अपने जोड़-तोड़ के लिए जाने जाते हैं. पहली बार उन्होंने प्रखंड स्तर पर अपने दम-खम का लोहा मनवाया है. 25 साल से राजनीति कर रहे अकिलुर्रहमान ने 2006 में पंचायत चुनाव में किस्मत आजमाई थी, लेकिन करारी हार मिली थी. इस साल 10 साल के वनवास के बाद पंचायत समिति का चुनाव लड़ा और प्रखंडभर में सबसे बड़ी जीत दर्ज की.

फेनहारा न्यूज़ डॉट कॉम की तरफ से बंदना देवी और हाजी मोहम्मद अकिलुर्रहमान को बधाई.

अगर कोई पत्रकार बंधु, जिनका संबंध चंपारण के किसी भी कस्बे से हो, phenharanews.com से जुड़ना चाहते हैं तो phenharanews@gmail.com पर अपना रिज्यूमे भेजें.